Dara Singh: भारतीय टीवी इतिहास में जब भी पौराणिक धारावाहिकों की बात होती है, तो रामायण का नाम सबसे पहले लिया जाता है। इस धारावाहिक में भगवान हनुमान का किरदार निभाने वाले दारा सिंह ने अपने अभिनय से दर्शकों के दिलों में अमिट छाप छोड़ी। लेकिन इस किरदार को निभाना उनके लिए आसान नहीं था—इसके पीछे कड़ी तपस्या और त्याग की कहानी छिपी है।
हनुमान जी के रूप में खुद को ढालने के लिए दारा सिंह ने अपनी जीवनशैली में बड़ा बदलाव किया। उन्होंने पूरी तरह से नॉनवेज खाना छोड़ दिया और कई बार शूटिंग के दौरान घंटों भूखे रहकर काम किया, ताकि शरीर और मन दोनों शुद्ध बने रहें। उनका मानना था कि इस दिव्य किरदार को निभाने के लिए आत्मिक अनुशासन बेहद जरूरी है।
इतना ही नहीं, हनुमान के वेशभूषा में लगी लंबी पूंछ उनके लिए सबसे बड़ी चुनौती बन गई थी। भारी कॉस्ट्यूम और पूंछ के कारण उन्हें बैठने में काफी परेशानी होती थी। कई बार तो घंटों खड़े रहकर ही शूटिंग करनी पड़ती थी। बावजूद इसके, उन्होंने कभी शिकायत नहीं की और पूरे समर्पण के साथ अपना किरदार निभाया।
दारा सिंह की मेहनत और समर्पण का ही परिणाम था कि दर्शकों ने उन्हें असली हनुमान के रूप में स्वीकार कर लिया। गांव-गांव में लोग उनके पोस्टर को पूजने लगे और उन्हें भगवान की तरह सम्मान देने लगे। यह किसी भी कलाकार के लिए सबसे बड़ी उपलब्धि मानी जाती है।
आज भी जब रामायण का जिक्र होता है, तो दारा सिंह का नाम श्रद्धा के साथ लिया जाता है। उनका यह त्याग और समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बना रहेगा।

