EPFO EDLI Scheme: हर व्यक्ति यही सोचता है कि उसके बाद उसके परिवार का क्या होगा इसलिए लोग बीमा करते हैं। आप भी अगर अपने परिवार के भविष्य को लेकर चिंतित हैं और बीमा करना चाहते हैं तो यह खबर आपके लिए बेहद खास है।
अगर हर महीने आपकी सैलरी से PF का पैसा कटता है, तो यह जानकारी आपके लिए काफी काम की हो सकती है। EPFO से जुड़े कर्मचारियों को सिर्फ भविष्य के लिए बचत की सुविधा ही नहीं मिलती, बल्कि एक बीमा कवर का लाभ भी मिलता है। खास बात यह है कि इसके लिए कर्मचारी को अपनी जेब से अलग से कोई प्रीमियम नहीं भरना पड़ता।
यह सुविधा Employees’ Deposit Linked Insurance यानी EDLI Scheme के तहत दी जाती है। पात्र कर्मचारी की नौकरी के दौरान मृत्यु होने की स्थिति में उसके परिवार या नामांकित व्यक्ति को नियमों के मुताबिक बीमा लाभ मिल सकता है। इस योजना में अधिकतम ₹7 लाख तक का लाभ मिल सकता है।
क्या PF खाते के साथ सच में मिलता है फ्री इंश्योरेंस?
अधिकतर नौकरीपेशा लोगों को लगता है कि PF का मतलब केवल रिटायरमेंट के लिए जमा होने वाला पैसा है। लेकिन EPFO से जुड़े पात्र कर्मचारियों को EDLI के जरिए इंश्योरेंस कवर भी मिलता है।
इस योजना की खासियत यह है कि कर्मचारी को इसके लिए अलग से कोई बीमा पॉलिसी खरीदने या प्रीमियम जमा करने की जरूरत नहीं होती। योजना में नियोक्ता की ओर से योगदान किया जाता है।
यानी PF खाते से जुड़ी इस सुविधा के लिए आपकी सैलरी से अलग से बीमा प्रीमियम नहीं काटा जाता।
मौत होने पर परिवार को कितनी रकम मिल सकती है?
EDLI योजना का सबसे बड़ा फायदा मुश्किल समय में कर्मचारी के परिवार को आर्थिक सहारा देना है। यदि कोई पात्र EPFO सदस्य सेवा के दौरान अपनी जान गंवा देता है, तो उसके नामांकित व्यक्ति या पात्र परिवार को योजना के नियमों के अनुसार बीमा लाभ दिया जा सकता है।
इस योजना के तहत अधिकतम ₹7 लाख तक का आश्वासन लाभ उपलब्ध है। हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि हर मामले में परिवार को सीधे ₹7 लाख ही मिलेंगे। मिलने वाली राशि संबंधित नियमों और कर्मचारी की पात्रता के आधार पर तय होती है।
यहां 12 महीने वाला नियम समझना जरूरी है (EPFO EDLI Scheme)
EDLI का लाभ लेने के लिए कर्मचारी की सेवा अवधि से जुड़ी शर्तें भी होती हैं। खास तौर पर मृत्यु से पहले लगातार 12 महीने की सदस्यता/सेवा से जुड़ी पात्रता महत्वपूर्ण है।
अगर कर्मचारी ने इस अवधि के दौरान नौकरी बदली है, तो केवल कंपनी बदलने की वजह से लाभ अपने आप खत्म नहीं हो जाता। पात्रता योजना के निर्धारित नियमों के आधार पर देखी जाती है।
इसलिए नौकरी बदलने वाले कर्मचारियों के लिए भी अपने EPFO रिकॉर्ड को सही और सक्रिय रखना जरूरी है।
सबसे अच्छी बात—कर्मचारी को नहीं देना पड़ता प्रीमियम
EDLI की सबसे खास बात यही है कि इस बीमा सुविधा के लिए कर्मचारी से अलग से प्रीमियम नहीं लिया जाता। योजना में नियोक्ता योगदान करता है।
यानी अगर आप EPFO के पात्र सदस्य हैं, तो इस सुविधा का लाभ लेने के लिए आपको हर महीने अपनी जेब से कोई अलग रकम जमा करने की जरूरत नहीं होती।
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