IRCTC New Rule: IRCTC का बड़ा फैसला! अब ये लोग ऑनलाइन ट्रेन टिकट नहीं कर पाएंगे बुक, बदले नियम

IRCTC New Rule: सरकारी कंपनी Indian Railway Catering and Tourism Corporation (IRCTC) ने ऑनलाइन टिकट बुकिंग को लेकर नियमों में बड़ा बदलाव किया है। अब एडवांस रिजर्वेशन पीरियड (ARP) और Tatkal टिकट बुक करने के लिए आधार वेरिफिकेशन अनिवार्य कर दिया गया है। यानी जिन यूज़र्स ने अपने IRCTC अकाउंट को आधार से लिंक और वेरिफाई नहीं कराया है, वे कई अहम मौकों पर टिकट बुक नहीं कर पाएंगे।

क्या है नया नियम?

IRCTC के नए दिशा-निर्देशों के मुताबिक, जिस दिन एडवांस रिजर्वेशन पीरियड (ARP) खुलता है, उस दिन केवल वही यात्री टिकट बुक कर सकेंगे जिनका अकाउंट आधार से सत्यापित होगा।

गौरतलब है कि भारतीय रेलवे में सामान्य तौर पर लगभग 60 दिन पहले बुकिंग की सुविधा मिलती है। ऐसे में बुकिंग खुलने के पहले दिन ही बड़ी संख्या में लोग टिकट कराने की कोशिश करते हैं।

अब अगर आपका IRCTC अकाउंट आधार से वेरिफाई नहीं है, तो आप बुकिंग खुलने के दिन टिकट सुरक्षित नहीं कर पाएंगे। इससे साफ है कि बिना आधार सत्यापन के यूज़र को शुरुआती लाभ नहीं मिलेगा।

Tatkal टिकट पर पहले से सख्ती

Tatkal टिकट बुकिंग में गड़बड़ियों और दलालों की भूमिका को देखते हुए IRCTC पहले ही आधार आधारित OTP वेरिफिकेशन लागू कर चुका है। इस व्यवस्था के तहत Tatkal टिकट बुक करते समय यूज़र को आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर आए वन-टाइम पासवर्ड (OTP) के जरिए अपनी पहचान प्रमाणित करनी होती है।

रेल मंत्रालय के तहत काम करने वाली इस पीएसयू कंपनी ने यह कदम फर्जी अकाउंट्स और सॉफ्टवेयर बॉट्स के जरिए होने वाली धांधली को रोकने के लिए उठाया है। रेल मंत्री Ashwini Vaishnaw ने लोकसभा में जानकारी दी थी कि जिन ट्रेनों में यह व्यवस्था लागू की गई, वहां कन्फर्म Tatkal टिकट मिलने की दर में लगभग 65 प्रतिशत तक सुधार देखा गया।

क्यों जरूरी हुआ यह बदलाव?

ऑनलाइन टिकट बुकिंग सिस्टम के दुरुपयोग की शिकायतें लंबे समय से सामने आती रही हैं। कई मामलों में देखा गया कि फर्जी आईडी बनाकर बड़ी संख्या में टिकट बुक कर लिए जाते थे, जिन्हें बाद में ऊंचे दामों पर बेचा जाता था। इससे आम यात्रियों को टिकट नहीं मिल पाता था, खासकर Tatkal जैसी सीमित सीटों वाली व्यवस्था में।

अब आधार वेरिफिकेशन के जरिए हर यूज़र की पहचान सुनिश्चित की जाएगी। इससे एक व्यक्ति द्वारा कई फर्जी अकाउंट बनाकर टिकट बुक करने की संभावना काफी हद तक कम हो जाएगी। IRCTC का दावा है कि यह कदम पारदर्शिता बढ़ाने और असली यात्रियों को फायदा पहुंचाने की दिशा में अहम साबित होगा।

यात्रियों को क्या होगा फायदा?

दलालों पर रोक – आधार आधारित सत्यापन से फर्जी अकाउंट्स पर लगाम लगेगी।
Tatkal में बेहतर अवसर – असली यात्रियों को कन्फर्म टिकट मिलने की संभावना बढ़ेगी।

बुकिंग सिस्टम में पारदर्शिता

शुरुआती समय में टिकटों का निष्पक्ष वितरण संभव होगा।
सुरक्षा में इजाफा – अनधिकृत लॉगिन और बॉट आधारित बुकिंग पर अंकुश लगेगा।

IRCTC के अनुसार, यह व्यवस्था एक “सुरक्षा कवच” की तरह काम करेगी, जिससे टिकटों का सही आवंटन सुनिश्चित किया जा सकेगा।

कैसे करें आधार वेरिफिकेशन?

यदि आपने अभी तक अपना IRCTC अकाउंट आधार से वेरिफाई नहीं किया है, तो आपको IRCTC की आधिकारिक वेबसाइट या ऐप पर लॉगिन कर ‘प्रोफाइल’ सेक्शन में जाकर आधार नंबर दर्ज करना होगा। इसके बाद आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर OTP आएगा, जिसे दर्ज करते ही वेरिफिकेशन पूरा हो जाएगा।

ध्यान रहे कि आधार से जुड़ा मोबाइल नंबर सक्रिय होना जरूरी है, वरना OTP प्राप्त नहीं होगा और प्रक्रिया अधूरी रह जाएगी।

आगे क्या हो सकता है?

विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में IRCTC और भी सख्त डिजिटल सत्यापन प्रक्रियाएं लागू कर सकता है, ताकि टिकट बुकिंग पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित बन सके। डिजिटल इंडिया की दिशा में यह कदम रेलवे की सेवाओं को और मजबूत करने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।

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