International Tiger Day 2023: हर साल 29 जुलाई को ‘अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस’ मनाया जाता है, तेजी से लुप्त हो रही बाघों की प्रजातियों के संरक्षण के लिए इस दिन को मनाने का फैसला लिया गया था। सन् 2010 में रूस के पीटर्सबर्ग में आयोजित इंटरनेशनल कांफ्रेंस में प्रत्येक वर्ष की 29 जुलाई को विश्व बाघ दिवस (International Tiger Day) मनाने का निर्णय लिया गया। इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में बाघों की आबादी वाले 13 देशों ने हिस्सा लिया और तभी से ये फैसला लिया कि बाघों की संख्या को बढ़ाने के लिए योजना बनाई गई
International Tiger Day 2023: उद्देश्य
वैश्विक स्तर पर बाघों के संरक्षण व उनकी लुप्तप्राय हो रही प्रजाति को बचाने के लिए जागरूकता फैलाना ही इस दिवस को मनाने का मुख्य उद्देश्य है।इस दिन को मनाने के पीछे का कारण बाघों के प्राकृतिक आवासों की रक्षा के लिए एक वैश्विक प्रणाली को बढ़ावा देना और बाघ संरक्षण के मुद्दों के लिए जन जागरूकता और समर्थन बढ़ाना है।
International Tiger Day 2023: इतिहास
बाघों के संरक्षण के लिए एक अभियान चलाया गया। साल 2010 में रूस के सेंट पीटर्सबर्ग में एक बाघ सम्मेलन का आयोजन हुआ। और इसमें यह निश्चय लिया गया कि हर साल 29 जुलाई को बाघों की घटती आबादी पर नियंत्रण करने के लिए अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस मनाया जाएगा।
International Tiger Day 2023: थीम
इस वर्ष का विषय “India launches Project Tiger to revive the tiger population” “बाघों की आबादी को बढ़ाने के लिए भारत ने प्रोजेक्ट टाइगर लॉन्च किया” है।
1973 में प्रोजेक्ट टाइगर शुरू हुआ
सरकार ने भारत में 1973 में प्रोजेक्ट टाइगर को शुरु किया, जिससे भारत में बाघों की तेजी से घटती संख्या पर काबू पाया जा सके। मध्यप्रदेश में प्रोजेक्ट टाइगर के जनक कहे जाने वाले सेवानिवृत्त पीसीसीएफ जेजे दत्ता का कहना है कि जब देश में 1973 में प्रोजेक्ट टाइगर शुरू हुआ तो देश के 9 टाइगर रिजर्व में से एक कान्हा नेशनल पार्क भी था।
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